राफेल की कमी देश ने महसूस की, लोग पूछ रहे हैं, ‘राफेल होता तो क्या होता’-पीएम मोदी

राष्ट्रीय खबर

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि साल 2014 से 2019 का समय आवश्यकताओं का पूरा करने का था, लेकिन इसके बाद का समय अब आकांक्षाओं को पूरा करने वाला है. उन्होंने कहा कि मोदी विरोध की जिद में देश हित का विरोध मत करिए.

नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कुछ लोगों द्वारा अपने ही देश का विरोध करने को राष्ट्र के समक्ष चुनौती बताया है. उन्होंने कहा कि मोदी विरोध की जिद में देश हित का विरोध मत करिए. राफेल विमान सौदे पर विवाद का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा, ‘‘राफेल पर स्वार्थनीति और अब राजनीति के कारण देश का बहुत नुकसान हुआ है. राफेल की कमी आज देश ने महसूस की है. आज हिंदुस्तान एक स्वर में कह रहा है कि अगर हमारे पास राफेल होता, तो क्या होता?’’

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि मोदी विरोध में ध्यान रखिए कि मसूद अजहर और हाफिज सईद जैसे आतंकियों को, आतंक के सरपरस्तों को सहारा न मिल पाये. प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि देश में आज एक चुनौती है कि कुछ लोगों द्वारा अपने ही देश का विरोध किया जा रहा है. आज जब पूरा देश सेना के साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़ा है तो कुछ लोग सेना पर ही संदेह कर रहे हैं.

एक कार्यक्रम में पीएम ने कहा, ‘‘ऐसे लोगों से मैं कहना चाहता हूं कि आपको सेना के सामर्थ्य पर संदेह है या भरोसा है. मोदी विरोध करना हो तो जरूर करिए, हमारी योजनाओं में कमियां निकालिए, आपका हमेशा स्वागत है. लेकिन देश के सुरक्षा हितों का, देश के हित का विरोध मत करिए.’’ मोदी ने कहा, ‘‘आप ये ध्यान रखिए कि मोदी विरोध की इसी जिद में मसूद अजहर और हाफिज सईद जैसे आतंकियों को, आतंक के सरपरस्तों को सहारा न मिल जाए.’’

विपक्षी दलों पर निशाना साधते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि जहां पूरा विश्व आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में भारत के पीछे खड़ा था वहीं देश के कुछ दल इस पर प्रश्न उठा रहे थे. प्रधानमंत्री ने कहा कि 2014 से 2019 तक आवश्यकताओं को पूरा करने का समय था, जबकि 2019 से आगे आकांक्षाओं को पूरा करने का अवसर है. 2014 से 2019 बुनियादी जरूरतों को हर घर तक पहुँचाने का समय था, जबकि 2019 से आगे तेज उन्नति के लिए उड़ान भरने का अवसर है .

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, ‘‘बीते पांच सालों की मेहनत और परिश्रम से हमने देश की नींव को मजबूत करने का काम किया है. इसी नींव पर नए भारत की भव्य इमारत का निर्माण होगा. आज मैं पूरे विश्वास के साथ कहता हूं कि हां इक्कीसवीं सदी भारत की होगी.’’ उन्होंने कहा कि देश में कई मोदी आएंगे और जाएंगे, लेकिन यह देश अजर और अमर रहेगा. मोदी ने कहा कि 2014 के चुनाव के बाद जब वह दिल्ली आये थे तो बहुत सी बातों का अनुभव उन्हें नहीं था और यही वरदान साबित हुआ.

पीएम मोदी ने कहा कि आज का भारत ‘नया भारत’ है. हमारे लिए एक-एक वीर जवान का खून अनमोल है. अब कोई भी भारत को आंख दिखाने का प्रयास नहीं कर सकता. आज का भारत निर्भीक है, निडर है और निर्णायक है. सवा सौ करोड़ भारतीयों के पुरुषार्थ के कारण ही देश आज आगे बढ़ रहा है. उन्होंने कहा कि आतंक के आकाओं में सैनिकों के शौर्य का डर हो तो ये अच्छा है. जब भ्रष्टाचारियों में भी कानून का डर हो तो ये डर अच्छा है . अब ये नया भारत अपने सामर्थ्य, अपने साधन, अपने संसाधनों पर भरोसा करते हुए आगे बढ़ रहा है.

मोदी ने कहा कि भारत अपनी बुनियादी कमजोरियों को दूर करने का, अपनी चुनौतियों को कम करने का प्रयास कर रहा है. उन्होंने कहा कि 2014 से 2019 और 2019 से शुरू होने वाली आगे की ये यात्रा बदलते हुए सपनों की कहानी है. निराशा की स्थिति से आशा के शिखर तक पहुंचने की कहानी है. संकल्प से सिद्धि की ओर ले जाने वाली कहानी है.